For the best experience, open
https://m.aajsamaaj.com
on your mobile browser.
Advertisement

पंजाब लाएगा नई एनआरआई नीति, धार्मिक स्थलों की यात्रा बुजुर्गों के लिए मुफ्त

04:32 PM Aug 03, 2022 IST | Neelima Sargodha
पंजाब लाएगा नई एनआरआई नीति  धार्मिक स्थलों की यात्रा बुजुर्गों के लिए मुफ्त
Advertisement

आज समाज डिजिटल, Punjab News:
पंजाब की भगवंत मान सरकार एनआरआई पंजाबियों पर मेहरबान होने जा रही है। सरकार ने प्रवासी पंजाबियों को सहायता प्रदान करने और उनकी विभिन्न समस्याओं के जल्द हल के लिए नई एनआरआई नीति लाने का फैसला किया है।

Advertisement

मीटिंग में पॉलिसी के ड्राफ्ट पर चर्चा

राज्य के प्रवासी भारतीय मामलों संबंधी मंत्री कुलदीप सिंह धालीवाल ने एनआरआई विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और एनआरआई आयोग के मंच के साथ मीटिंग के दौरान ड्राफ्ट पॉलिसी के लिए वार्ता की। इस दौरान कुलदीप सिंह धालीवाल ने मीटिंग से जरूरी जानकारियों को साझा करते हुए बताया कि पंजाब सरकार की ओर से प्रवासी पंजाबी नौजवान को अपनी जड़ों से जोड़ने के लिए प्रोग्राम चलाया गया है, उसी तर्ज पर भगवंत मान सरकार की ओर से बुजुर्गों के लिए भी प्रोग्राम बनाया जाएगा, जिसके अंतर्गत प्रवासी पंजाबी बुजुर्गों को राज्य के धार्मिक और ऐतिहासिक स्थानों की मुफ्त यात्रा कराई जाएगी।

इसके लिए बनाई जाएंगी लोक अदालतें

एनआरआई मामलों संबंधी मंत्री ने बताया कि प्रवासी पंजाबियों को बड़ी राहत प्रदान करने के लिए सिविल लोक अदालतों की तर्ज पर प्रवासियों के मसले निपटाने के लिए एनआरआई लोक अदालतें स्थापित करने के लिए प्रयास किए जाएंगे। इन अदालतों में खास तौर पर जमीनों और विवाहों के झगड़े मौके पर ही आपसी सहमति से निपटाए जाएंगे, जिसको कानूनी मान्यता होगी।

Advertisement

मीटिंग में एक अहम फैसला लिया गया जिसे लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान को आवेदन किया जाएगा कि एन.आर.आई के मसलों के जिला स्तर पर निपटाने के लिए हर जिले में पीसीएस अधिकारी को नोडल अफसर के तौर पर तैनात किया जाए। कुलदीप सिंह धालीवाल ने कहा कि आम तौर पर एनआरआई की जमीनों पर कब्जों के बहुत से मामले सामने आते हैं, जिसके समाधान के लिए फैसला किया गया है कि ऐसा कानूनी बदलाव किया जाए कि एनआरआई की जमीनों की गिरदावरी सहमति के बिना न बदली जा सके।

कानूनी सहायता के लिए बनेगा वकीलों का पैनल

मीटिंग में यह भी फैसला लिया गया कि प्रवासी पंजाबियों की कानूनी सहायता के लिए एडवोकेट जनरल दफ्तर से वकीलों का पैनल बनाया जाएगा। जरूरत पड़ने पर एनआरआई इन वकीलों से कानूनी सहायता ले सकेंगे। प्रवासी मामलों के मंत्री ने एनआरआई सभा जालंधर के पिछले सालों के दौरान किए गए कार्यों की समीक्षा करने के लिए हिदायतें जारी कीं।

ये भी पढ़ें : कार्तिकेय शर्मा की जीत को लेकर समस्त ब्राह्मण समाज के लोगों ने मुख्यमंत्री का किया धन्यवाद

ये भी पढ़ें : खुल गया प्रगति मैदान सुरंग, पीएम मोदी ने किया टनल और अंडरपास का उद्घाटन

Advertisement
Advertisement
×